देश के शेयर बाजारों में अगले सप्ताह निवेशकों की नजर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा ब्याज दरों पर किए जाने वाले फैसले पर रहेगी। इसके अलावा घरेलू और वैश्विक व्यापक आर्थिक आंकड़े भी बाजार की चाल तय करेंगे। पिछले हफ्ते शेयर बाजार गिरावट के साथ बंद हुए थे।

मंगलवार को मौद्रिक समीक्षा
आरबीआई की मौद्रिक नीति समीक्षा (एमपीसी) मंगलवार को होनी है। एमपीसी ने 4 अक्तूबर  को हुई अपनी पिछली बैठक में रेपो रेट को छह फीसदी पर बरकरार रखा था। साथ ही रिवर्स रेपो रेट को 5.75 फीसदी पर रखा था। हालांकि, ज्यादातर विशेषज्ञों का मानना है कि रिजर्व बैंक दरों को स्थिर रख सकता है। वहीं व्यापक आर्थिक मोर्चे पर मार्केट इकोनॉमिक्स भारत के सेवा क्षेत्र के नवंबर के आंकड़े मंगलवार को जारी करेगी। वैश्विक मोर्चे पर अमेरिका के आईएसएम गैर-नर्मिाण क्रय प्रबंधक सूचकांक (पीएमआई) का नवंबर का आंकड़ा मंगलवार को जारी किया जाएगा। अमेरिका का एडीपी गैर-कृषि रोजगार बदलाव का नवंबर का आंकड़ा बुधवार को जारी किया जाएगा। जापान साल की तीसरी तिमाही का सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का आंकड़ा गुरुवार को जारी करेगा।

रुपये की चाल पर भी रहेगी नजर
इस हफ्ते डॉलर के मुकाबले रुपये की चाल पर भी बाजार की नजर होगी। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि इसके अलावा वैश्विक बाजारों के रुझान, विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (एफपीआई) और घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) के रुख और कच्चे तेल की कीमतें भी बाजार की दिशा तय करने में अहम होंगी। पिछले हफ्ते विदेशी निवेशकों के मुकाबले घरेलू निवेशकों ने देसी शेयर बाजार पर ज्यादा भरोसा जताया है और जमकर निवेश किया है।