भारत की हिमा दास ने पिछले हफ्ते फिनलैंड में हुई IAAF वर्ल्ड अंडर-20 एथलेटिक्स चैंपियनशिप में गोल्ड जीतते हुए इतिहास रच दिया था और पूरी दुनिया में देश का नाम रोशन किया था. उन्होंने 400 मीटर महिला रेस में पहला स्थान हासिल किया था. इसके बाद ही सुर्खियों में वह छा गईं और पूरे देश में हर कोई उन्हें जान गया. लेकिन क्या आप जानते हैं कि लोग हिमा दास के बारे में गूगल में क्या खोज रहे हैं?

जानकर आपको भी धक्का लगेगा. जी हां, लोग गूगल पर हिमा की कास्ट (जाति) के बारे में सबसे ज्यादा सर्च कर रहे हैं. उनके बारे में सर्च किया गया ‘हिमा दास कास्ट’ सबसे ज्यादा सर्च किया जाने वाला टॉपिक है. वैसे इस बात को लेकर ट्विटर पर कुछ लोगों ने अपना दुख व्यक्त किया है.

एक यूजर ने लिखा है, “भारत के लिए यह बहुत दुखद है. एक युवा खिलाड़ी हिमा दास देश के पहले वर्ल्ड जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में पहला गोल्ड जीतती है और उसके देशवासी इंटरनेट पर उसकी कास्ट के बारे में ढूंढना शुरू कर दते हैं. बहुत खराब बात है ये.”

गौर करने वाली बात है कि रियो ओलंपिक में पीवी सिंधु के सिल्वर जीतने के बाद भी लोगों ने इसी तरह से उनकी कास्ट को ढूंढा था. एक अन्य यूजर ने लिखा, “यहां तक कि 21वीं सदी में भी कास्ट की संस्कृति हमारी रगों में बहुत अंदर तक धंसी हुई है. ये सिर्फ शर्मनाक ही नहीं दर्दनाक भी है.”

एक और यूजर ने लिखा, “यह भारत का दुर्भाग्य है कि निर्लज्ज लोग हिमा की कास्ट सर्च कर रहे हैं.”

एक अन्य यूजर ने व्यंग्य करते हुए लिखा, “जैसा कि यूजर्स फेमस इंडियन पर्सनैलिटी की कास्ट सर्च करने में व्यस्त हैं. जल्दी ही गूगल कास्ट सर्च के लिए अलग से ब्राउजर खोलेगा, ये सिर्फ भारतीयों के लिए होगा, आधार नंबर के साथ.”

हिमा की जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनकी जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा, “जब हिमा ने जीत के बाद अपने हाथों में तिरंगा थामा तो वह काफी प्रभावित हुए.” हिमा ने 51.46 सेकेंड में दूरी तय करते हुए गोल्ड अपने नाम कर लिया. वह असम से नौगांव जिले के धिंग गांव से हैं.