इंदौर l आज के समय में अधिकतर लोग कुर्सी-टेबल पर बैठकर ही खाना खाते हैं, लेकिन ये स्वास्थ्य के लिए पूरी तरह से फायदेमंद नहीं है। पुरान समय से ही जमीन पर बैठकर खाना खाने की परंपरा चली आ रही है, इससे हमारे स्वास्थ्य को कई लाभ मिलते हैं। चित्तौड़ के रिटायर्ड आयुर्वेद जिला चिकित्सा अधिकारी आयुर्वेदाचार्य रोशनलाल मोड़ के अनुसार डायनिंग टेबल पर बैठकर खाने से स्वास्थ्य संबंधी कई परेशानियां हो सकती हैं। इसके विपरीत जो लोग जमीन पर बैठकर पारंपरिक तरीके से खाने खाते हैं, वे छोटी-छोटी कई बीमारियां बच सकते हैं।

यहां जानिए जमीन पर बैठकर खाना खाने से क्या-क्या लाभ मिल सकते हैं…

1.जमीन पर बैठकर खाना खाते समय हम एक विशेष योगासन की अवस्था में बैठते हैं, जिसे सुखासन कहा जाता है। सुखासन पद्मासन का ही एक रूप है। सुखासन से स्वास्थ्य संबंधी वे सभी लाभ मिलते हैं जो पद्मासन से प्राप्त होते हैं।
2.बैठकर भोजन करने से हम ज्यादा अच्छे से खाना खा सकते हैं।
3.इस आसन में बैठने से मन की एकाग्रता बढ़ती है।
4.सुखासन से पूरे शरीर में रक्त-संचार समान रूप से होने लगता है। जिससे शरीर को ज्यादा ऊर्जा मिलती है।
5.इस आसन से मानसिक तनाव कम होता है और मन में सकारात्मक विचारों का प्रभाव बढ़ता है।
6.इस आसन में बैठने से हमारे पैर मजबूत बनते हैं।
7.इस तरह खाना खाने से मोटापा, अपच, कब्ज, गैस आदि पेट संबंधी बीमारियों में भी राहत मिलती है।
8.आलस्य दूर होता है और स्फूर्ति बनी रहती है। मांसपेशियों का खिंचाव कम होता है।
9.जब हम जमीन पर बैठकर खाना खाते है तो इससे रीढ़ की हड्डी के निचले भाग पर जोर पड़ता है, जिससे आपके शरीर को आराम मिलता है।
10.इस आसन में बैठने से कमर दर्द में राहत मिल सकती है।

सन्नी जादम की रिपोर्ट