नई दिल्ली: Rajya Sabha Deputy Chairman Election : राज्यसभा में उपसभापति पद के लिए चुनावी बिगुल बज चुका है. सरकार और विपक्ष ने अपनी-अपनी ओर से मैदान में उतार दिया है. राज्यसभा यानी उच्च सदन में आज उपसभापति पद के लिए चुनाव होंगे, जिसमें मोदी सरकार यानी एनडीए की ओर से जनता दल यूनाइटेड के सांसद हरिवंश हैं, तो वहीं विपक्ष की ओर से साझा उम्मीदवार के तौर पर बीके हरिप्रसाद हैं. यानी अब मुकाबला हरिवंश बनाम हरिप्रसाद है. विपक्ष का नेतृत्व कर रही कांग्रेस और एनडीए की कमान संभालने वाली भारतीय जनता पार्टी दोनों को अपने उम्मीदवार की जीत की उम्मीद है. यानी दोनों दावा कर रही है कि जीत उन्हीं की होगी. मगर यह सब आज तय तब होगा जब विभिन्न पार्टियां वोटिंग में हिस्सा लेगी और अपने-अपने पत्ते खोलेगी.

एनडीए की ओर से हरिवंश का पलड़ा दो दिन पहले कमजोर पड़ रहा था, जब ऐसी खबरें आई थी कि हरिवंश के नाम पर एनडीए के घटक दल एकमत नहीं हैं और इस नाम से फूट पड़ने की संभावना है. मगर जैसे-जैसे एनडीए के दलों ने अपने पत्ते खोलने शुरू किये और हरिवंश के नाम पर अपनी सहमति देने लगे, वैसे-वैसे हरिवंश का पलड़ा भारी होता गया. अकाली दल और शिवसेना भी हरिवंश का साथ दे रही है. हालांकि, जिस तरह से हरिवंश के नाम पर समर्थऩ की बात की जा रही है, उससे लगता है कि कांग्रेस के लिए हरिवंश को हराना इतना आसान भी नहीं होगा. यानी अभी जो राजनीतिक समीकरण बन रहे हैं, उस लिहाज से एनडीए का पक्ष यूपीए से काफी मजबूत नजर आ रहा है.

उच्च सदन में सदस्यों की मौजूदा संख्या 244 है. जिसमें जीत के लिए 123 वोटों की जरूरत है.  भाजपा सूत्रों के मुताबिक हरिवंश को इनमें से 126 सदस्यों का समर्थन मिलने की उम्मीद है.  वहीं कांग्रेस के सूत्रों ने हरिप्रसाद को 111 सदस्यों का समर्थन मिलने की उम्मीद जतायी है. चुनाव प्रबंधन से जुड़े भाजपा के रणनीतिकारों ने बताया कि हरिवंश को राजद के 91 सदस्यों के अलावा तीन नामित सदस्य और निर्दलीय अमर सिंह का वोट मिलना तय है. इसके अलावा उन्हें गैर राजग दलों, अन्नाद्रमुक के 13, टीआरएस के छह, वाईएसआर कांग्रेस के दो और इनेलो के एक सदस्य का समर्थन मिलने का भरोसा है. इन्हें मिलाकर हरिवंश के पक्ष में पड़ने वाले मतों की संख्या 117 तक पहुंचती है. इसके अलावा बीजद के नौ सदस्यों के मत को भी राजग अपने खाते में जोड़ कर चल रहा है. इसके आधार पर यह संख्या 126 तक पहुंचती है, जिसकी बदौलत राजग को अपने उम्मीदवार के पक्ष में आधे से अधिक मत मिलने का भरोसा है.

दूसरी ओर, हरिप्रसाद के पक्ष में संप्रग के घटक दलों में कांग्रेस के 61 सदस्यों के अलावा, तृणमूल कांग्रेस और सपा के 13- 13 सदस्यों, तेदेपा के छह, माकपा के पांच, बसपा और द्रमुक के चार चार सदस्यों, भाकपा के दो और जद एस के एक सदस्य का समर्थन मिलने की उम्मीद है। इस प्रकार यह संख्या 109 तक पहुंचती है. तेदेपा के सदस्य वाई एस चौधरी ने कहा ‘‘हमने कांग्रेस नेता हरिप्रसाद का समर्थन करने का निर्णय लिया है.’ इसके अलावा एक नामित और एक निर्दलीय सदस्य के समर्थन के भरोसे हरिप्रसाद को मिलने वाले संभावित मतों की कुल संख्या 111 तक पहुंचती है.

राज्यसभा के उपसभापति के लिए आज होने वाले चुनाव पर अपने पत्ते खोलते हुए बीजू जनता दल प्रमुख और ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने कहा कि उनकी पार्टी राजग उम्मीदवार हरिवंश नारायण सिंह का समर्थन करेगी. हालांकि, कांग्रेस से नाराज होने की वजह से आम आदमी पार्टी विपक्ष के उम्मीदवार को अपना समर्थन नहीं देगी और वह इस चुनाव प्रक्रिया से ही खुद को अलग रखेगी. दरअसल, बताया जा रहा है कि कांग्रेस ने आम आदमी पार्टी से समर्थन नहीं मांगा है, इसलिए आम आदमी पार्टी ने खुद को अलग रखने का निर्णय लिया है. आप नेता और सांसद संजय सिंह ने कहा कि चूंकि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने विपक्ष के उम्मीदवार के लिए आप से समर्थन नहीं मांगा है, ऐसे में केजरीवाल के नेतृत्व वाली पार्टी के पास आज होने वाले चुनाव का बहिष्कार करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है.

कौन हैं हरिवंश:
बिहार CM नीतीश कुमार के क़रीबी
जेडीयू के राज्यसभा सांसद हैं
पत्रकार और बैंकर भी रहे हैं
25 साल प्रभात ख़बर के संपादक रहे
पूर्व PM चंद्रशेखर से भी जुड़े थे
उनके अतिरिक्त सूचना सलाहकार थे

कौन हैं बीके हरिप्रसाद:
कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव
कर्नाटक से राज्यसभा सांसद
1990 में पहली बार राज्यसभा पहुंचे